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Sunday, March 17, 2013
संसार मिल जाता है...
आपका आशीष और प्यार मिल जाता है,
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Thursday, August 2, 2012
"रक्षाबंधन"
सावन के रिमझिम करते मौसम में,
रिश्तों की भीनी खुशबू आती है|
रंग-बिरंगे त्योहारों के मध्य,
रिश्तों का रेशम एहसास कराती है|
भाई-बहन का ये पावन रिश्ता,
भावभीना अहसास जगाता है|
मन के कोने में छिपा हुआ बचपन,
शीतल छींटे पड़ कर याद आता है||
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Tuesday, July 17, 2012
फिर वही Routine होगा...
८ से २:१५ का फिर वही Routine होगा,
बजेंगे जो ११ तो माहौल कुछ रंगीन होगा|
साल-दर-साल अब तो आदत ही हो गई है हमें,
विश्वास है 'मानस' एक दिन अलग अपना Scene होगा||
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Monday, May 28, 2012
Bluetooth से दिल में...
Bluetooth से दिल में हमें, Pair कर के देखो,
Feelings वाली File, ज़रा Share कर के देखो|
सपनों में कब तक आओगे, Missed Call की तरह,
मेरे भी Network से खुद को Aware कर के देखो||
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Thursday, April 5, 2012
परीक्षा ज़रूरी है...
मंज़िल को पाने की इच्छा ज़रूरी है,
मस्ती के साथ में शिक्षा ज़रूरी है|
अगले पड़ाव के लिए तैयार हैं कितना?
इसीलिए समय-समय पर परीक्षा ज़रूरी है||
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Wednesday, March 7, 2012
रंगों का है दौर...
उनके अपने रंग हैं, मेरे हैं कुछ और,
रंगों से क्या शर्मना है, रंगों का है दौर|
रंग नहीं गर जीवन में, फिर काहे की होली?
जितने 'अपने' उतने गाढ़े रंग, बस इतना करना गौर||
Monday, January 30, 2012
विनती स्वीकार दो मैया...
अंधियारे को प्रकाश की झन्कार दो मैया,
ज्ञान की धारा को निश्चित आकार दो मैया|
ऋतु बसंत सी पुलकित हो जीवन की क्यारी-क्यारी,
गगन सा 'मानस' सज उठे, विनती स्वीकार दो मैया||
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Thursday, January 5, 2012
बिक गए...
नेकी, सच्चाई , ईमान बिक गए,
शराफत के सारे सामान बिक गए|
न मान न मर्यादा न धर्म न देश,
लगता है अब तो इन्सान बिक गए||
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Friday, December 30, 2011
जिसे था लटकना...
जिसे था लटकना वो तोड़ रहा 'शाही थाल' है,
लटक रहा तो बस अपना बिल 'लोकपाल' है|
तुम लटक कर ही Try करो, हम COMPLAN पीते हैं,
ज़रा चुनाव आने दो, फिर पूछेंगे जनाब क्या हाल है?
Thursday, December 29, 2011
बिना Print Preview...
High-School तक आते-आते खूब हुए Review,
College तक पहुँची जब गाड़ी शुरू हुए Interview|
Arrange Marriage की जो सुनी बात एक IT महाशय बोले,
Print कैसे करें Document बिना Print Preview?
Monday, December 26, 2011
जीवन के Network में...
जीवन के Network में कोई Congestion न हो,
मुस्कान के Tariff में कभी Recession न हो|
Incoming-Outgoing से ही तो बनती है ज़िन्दगी,
अनचाही Calls की इसमें Permission न हो||
Saturday, December 24, 2011
"Ritika दीदी की Engagement"
[caption id="attachment_1192" align="aligncenter" width="365" caption=""Ritika दीदी की Engagement""]
[/caption]
बचपन में मासी जी आपको(हमारी प्यारी रितिका दीदी को) एक कहानी सुनाया करती थीं...
"...देखना किसी दिन चाँद से एक राजकुमार आएगा और मेरी प्यारी सी पारी को अपने साथ ले जायेगा|"
पर ..
पर..
..
वो 'राजकुमार' तो उन्हीं के पास है(हमारे मासर जी का नाम राजकुमार है)| अरे! मासी जी तो वही कहानी सुना रही थीं जो कभी आपकी नानी जी ने उन्हें सुनाई थी|
लेकिन आप ज़रा भी परेशान मत होइए......आपके लिए तो 'चाँद' खुद चल कर आया है| (हमारे आदरणीय जीजा जी का नाम 'मयंक' है)
दीवानों के शहर...
दीवानों के शहर में दीवाने बहुत हैं,
...पर उन दीवानों का भी कोई दीवाना तो होगा!!
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Wednesday, December 21, 2011
युवा कवि का जन्मदिन...
आज अपने १९ वें जन्मदिन पर बताना चाहता हूँ की आखिर, कवियों के लिए जन्मदिन का क्या महत्त्व है? पेश है ये रचना-
हम तो अक्सर ही जन्मदिन मनाया करते हैं,
मंच को ही Cake सम सजाया करते हैं|
संचालक जब मंच पर करते हैं आमंत्रित,
हंसी-खुशी बराबर से बटवाया करते हैं|
आपकी मुस्कान, क्या इतना Gift कम है,
जुड़ते हैं जो दिल से , Return Gift पाया करते हैं|
सिर्फ चकाचौंध, दावत ही जन्मदिन नहीं है 'मानस',
मीठे एक सन्देश के साथ 'कवि-धर्म' निभाया करते हैं||
१९ वर्ष की पूर्ती के साथ हमारा 'कैशोर्य काल' तो पूर्ण हुआ| तो इस नवजवान साथी का सन्देश तमाम युवा साथियों के लिए -
"माना की हम युवा हैं, हमारे पास शक्ति ढेर सारी है,
पर भैया/दीदी जी कुछ अपनी भी तो 'ज़िम्मेदारी' है|
पढ़-लिख कर कुछ बनना है, हिंदुस्तान का नाम रोशन करना है,
और फिर Next-Generation का भी तो 'इंतज़ाम' करना है|
'मानस खत्री' का है Experience,
बिना मेहनत के कुछ भी Possible नहीं होता है,
फूँक-फूँक के कदम रखना होगा ,
'कैशोर्य काल' में 'बहुत कुछ' होता है||"
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Tuesday, December 13, 2011
निगाहें Cheer Girls पर...
'छक्के-चौकों' का रहता बेसबरी से इंतज़ार,
निगाहें Cheer Girls पर, Ball कब जाए Boundary पार|
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Monday, December 12, 2011
आम आदमी जबसे...
आम आदमी जबसे बेलगाम होने लगा,
जूता चप्पल है तब से आम होने लगा|
सिंह पुत्र आखिर क्यों चुप रहे मानस,
देशद्रोहियों का खास इंतजाम होने लगा||
Saturday, December 10, 2011
Big-Boss के घर...
Big-Boss के घर आई, नई एक मेहमान,
बच्चे भी अब पूछ रहे वो शब्द जो थे 'अन्जान'|
बेटा बोला, "पापा इसे पहले कहीं देखा तो है!
पर क्या बताऊँ अभी नहीं आ रहा है ध्यान|"
इनके Sense का सर...
इनके Sense का 'सर' नहीं है,
हमें अब ज़रा भी डर नहीं है|
ये स्वतंत्र विचारों का मंच है 'सिब्बल साहब'!
आपके बाप का घर नहीं है||
Saturday, December 3, 2011
उसकी वो महक...
उसकी वो महक...मानो Perfume की बोतल उड़ेल आया था,
आदाओं से ही भांप लिया था, चेहरे पर कितना Powder लगाया था|
मेरी ही महफ़िल में मुझसे भी ज्यादा जम रहा था,
कमबख्त यार मेरा, उस दिन भी नहीं नहाया था||
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सुना है प्यार में...
सुना है प्यार में अक्सर Heart-Break होते हैं,
...इसे नाकामी समझें या कमाल FeviQuick का|
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